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| Ashok Bahirwani's Updates 12-07-2012 |
७ अक्टूबर २०११ को , एक पनेलिस्ट श्री स्वप्निल कुमार की RTI के अंतर्गत पूछे गए एक प्रश्न का उत्तर, भारतीय रिजर्व बैंक के रिकॉर्ड पर है : भारतीय रिजर्व बैंक ने कंपनी SAOL को सलाह दी है कि सख्ती से FEMA के दिशा निर्देशों का पालन करें, इस टिप्पणी के अलावा भारतीय रिजर्व बैंकने सिर्फ उल्लेख किया है कि कंपनी के अधिकारी उन्हें मिले थे.
कंपनी के बिजनेस मॉडल पर अपनी राय, या कंपनी के संचालन से संबंधित अन्य पहलू पर वे चुप थे.
दिलचस्प होगा यह देखना, मुंबई हाई कोर्ट में यह मामला क्या मोड़ लेगा जब भारतीय रिजर्व बैंक के खिलाफ कंपनी द्वारा दायर रिट सुनवाई के लिए आता है
AISPA रिट WP/३६११ /२०११, १८ जुलाई 2012 को सुना जाना निर्धारित है.
एक बार फिर कुछ पनेलिस्ट्स ने इस परिवार की आशाएं जगाई है, और कई Speakasians इस तारीख से चमत्कार होने की उम्मीद लिए हुए है. मैं एक बार फिर इस अद्भुत परिवार को याद दिलाना चाहता हूँ, कि जब आपका मामला अदालत में है, तब हर तारीख को एक पूर्ण विश्वास और भरोसे के साथ, लेकिन बिना कोई उम्मीद रखे, देखना चाहिए.
याद रखिये उमीदें आशाएं को जन्म देती हैं और जब वे पूर्ण नहीं होती हैं, आप उदास और निराश हो जाते है. न्यायपालिका में पूर्ण भरोसा और अंतर्निहित विश्वास रखिये , याद रखिये, "सच हमेशा प्रबल होगा". हम इंतजार करेंगे और खुले दिमाग से देखेंगे कि मामला कैसे आगे बढ़ता है.
WP/३८३/२०११ · मामला, ८ अगस्त २०१२ को माननीय सुप्रीम कोर्ट के समक्ष सूचीबद्ध है.
नीचे १० मई २०१२ के आदेश के अंतिम वाक्यखण्ड कि प्रतिलिपि है:
८ अगस्त २०१२ को मुख्य मामले के साथ साथ सभी अर्जियां अंतिम निपटान के लिए सूचीबद्ध".
यहाँ फिर से मैं Speakasians के मेरे परिवार से आग्रह करता हूं कि इन शब्दों का ये मतलब नहीं है कि पूरे मामले का निपटारा किया जाएगा, उपरोक्त मैंने मामले के निपटान की व्याख्या की है. यहाँ फिर से मैं आप सभी से आग्रह करता हूं, न्यायपालिका में निहित विश्वास और भरोसा रखिये, लेकिन हर तारीख पर बिना उम्मीद लगाए.
इस से हम एकजुट रहेंगे और इस कानूनी यात्रा की कठोरता को सहन करने में सफल होंगे.
· CHS/७४०/२०१२, S/७९१/२०१२ में: RKLaxman की दुनिया के खिलाफ मानहानि के SAOL मामले में
इस मुकदमे को "चैंबर सम्मन", के लिए सूचीबद्ध किया गया था लेकिन सुनवाई की तारीख नहीं दी गयी है
मुझे लगता है ऐसा है क्योंकि कुछ लंबित "प्रस्तावों की सूचना"और उपर्युक्त "चैंबर सम्मन" होंगे मुकदमे के सुनवाई से पहले.
Speakasians यह एक कंपनी मुक़दमा है जो दिखा रहा है कि यह अपनी प्रतिष्ठा पर ज़रा सी भी खरोंच बहुत गंभीरता से लेता है . हालांकि इस मामले का, व्यापार के पुनः आरंभ पर कोई असर नहीं है,और बहेतर होगा इसे कंपनी और कानूनी टीम पर छोड़ दिया जाए.
आगामी अदालत तिथियों की सूची इस प्रकार हैं:
१. लगभग जुलाई २०१२ : मुंबई हाई कोर्ट में भारतीय रिजर्व बैंक के खिलाफ कंपनी रिट WP/१६९५ /२०१२ सुना जाना चाहिए, हालांकि अब तक कोई तारीख उपलब्ध नहीं है.
२. १८ जुलाई २०१२ : मुंबई हाई कोर्ट में AISPA रिट WP/३६११/२०११ . खोसला प्राथमिकी के अभिखण्डन के लिए तीन आवेदनों के साथ साथ:-
अ. रिट ११८ / २०१२ रिट में याचिकाकर्ता के रूप में AISPA को फिर से नियुक्त करने के लिए.
ब. ३०० /२०१२ EOW का आवेदन जांच के मामले में माननीय हाई कोर्ट द्वारा दी गई रोक को रद्द करने के लिए.
क. ३२२ /२०१२: AISPA.का आवेदन, टाइम्स ऑफ इंडिया में गलत रिपोर्टिंग के खिलाफ स्वप्रेरित अवमानना के लिए
३. ७ अगस्त २०१२: मुंबई हाई कोर्ट में WP/३२१० और ३२११ /२०११ . SAOL रिट, ठाणे और रायगढ़ में दायर प्राथमिकी के खिलाफ.
४. ८ अगस्त २०१२: सुप्रीम कोर्ट WP/३८३/२०११: पनेलिस्ट्स द्वारा दायर रिट, वर्तमान में, EOW से वेब साइट की दर्पण छवि लेने के लिए ताकि माननीय मध्यस्थ द्वारा अधिकारियों और EXIT लेने वाले पनेलिस्ट्स की देय राशि का पता हो सके.
५. ९ अगस्त २०१२: सुप्रीम कोर्ट SLP ७५०९ और ७५१०/२०११: हैदराबाद हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ SAOL SLP .
६. लगभग जुलाई /अगस्त २०१२: हैदराबाद हाई कोर्ट में CRLP १०७८२/२०११:. कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ हैदराबाद प्राथमिकी का अभिखण्डन.
७. लगभग अगस्त २०१२: मुंबई हाई कोर्ट S/७९१/२०१२: आर.के. लक्ष्मण की दुनिया के खिलाफ SAOL का मानहानि का मामला.
उम्मीद है कि इस अद्यतन द्वारा SAOL मामले में विभिन्न मामलों की स्थिति स्पष्ट होती है.
हमें हमारे धंदे के पुन: आरम्भ के अंतिम लक्ष्य को प्राप्त करना देखना चाहिए नाकि अदालत की हर एक तारीख पर उमीदें रखनी चाहिए. कृपया निश्चिंत रहिये और खुले मन से हमारे बब्बर शेर के शब्दों को याद कीजिये, "हम जीत के लिए बंधे हैं, और हम निश्चित रूप से जीत जायेंगे".
"देखिये. मेरे पास रणनीति है. क्यों उम्मीद रखें ? यदि आप कुछ भी उम्मीद नहीं करते है, तो आप निराश नहीं होते है "..........Patricia McCormick.
धैर्य रखिये, विश्वास रखिये , अपनी कंपनी पर भरोसा रखिये.
मोरया .... भाई मोरया
जय Speakasia
जय Speakasia
जय Speakasia.
अशोक बहिरवानी
सचिव
AISPA
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